बुधवार, 12 अगस्त 2009

और खो दिया उनको

आज हमारे दिल में जो दर्द है शायद ही कोई समझ सकता।गर इस दर्द को किसी के साथ बांटना चाहते तो शायद सामने वाला शख्स ये कह जाता कि अरे छोड़ो न ऐसी छोटी मोटी बातें तो होती ही रहती है। तुम पागल हो । लेकिन हम बता नहीं सकते कि हमारे दिल पे क्या बीत रही है। और इस दर्द ने फिर वहीं लाकर खड़ा कर दिया हमें,जहां से एक बार होकर गुजर चुके हैं। अकेले जीने की आदत। ऐसे वक्त में जहां एक दोस्त की जरुरत है आज हम बिल्कुल अकेले है। सोचकर ही रोना आ रहा है लेकिन हम कुछ कर नहीं सकते..सिवाय अफसोस के । गलती हमने खुद की है तो सजा भी हमें ही मिलनी चाहिए। जिंदगी में पहली बार हमने कोई ऐसा काम किया है जिसपर हमें खुद पर बहुत गुस्सा आ रहा है। इतना दर्द तो हमें तब मिला जब हम अपने प्यार को अपनी जिंदगी में शामिल नहीं कर पाए। और दूसरी बार आज जब दोस्ती होने से पहले ही एक दोस्त को खो दिया। फर्क इतना है उस वक्त हमने अपनी बात कहने में देर कर दी और आज का वक्त है जब हमने दिल की बात कह दी। पहली बार दिल की बात न कह पाने पर अपने प्यार को खो दिया और आज दूसरी बार एक दोस्त को अपने दिल की बात कह पाने पर खो दिया। हां ये भी सच है कि शायद वो हमें न समझ पाया हो। अब इसमें उसका क्या कसूर है तो इंसान ही न। अब हमारे दिल की बात भला वो कैसे समझ पाएगा। भूल तो हुई है हमसे हमने शायद गलत तरीके से उसकी ओर दोस्ती का हाथ बढ़ाया ।

कभी कह नहीं पाए थे ‘किसी से’ अपने दिल की बात
और हमने खो दिया ‘उनको’
आज कह गए ‘किसी से’ अपने दिल की बात
और आज भी हमने खो दिया ‘उनको’

एक वक्त कल का था
जहां न कह पाने का था अफसोस
एक वक्त आज का है
जहां कह पाने पर है अफसोस

कल भी पाना चाहा था और आज भी पाना चाहे थे हम
है फर्क सिर्फ इतना
कल को हमारा प्यार था, आज को हमारी दोस्ती
पर ‘उन्हें’ भी खो दिया और ‘उसे’ भी खो दिया

दर्द को समझना हो गया बिल्कुल आसान
लेकिन प्यार को समझना अब भी मुश्किल
अब तो आंसूओं की आदत सी हो गई हैं हमें
पता नहीं कब तलक इस तरह का दर्द मिलता रहे

उन दिनों हमसे छूट गया था वक्त
इस बार आगे निकल गया वक्त
सब वक्तों का खेल है 'एंजेला'
ऐसा लगता मानो हमसे रुठ गया है वक्त।

10 टिप्‍पणियां:

AlbelaKhatri.com ने कहा…

bahut khoob !

dard ki taaseer aisee hai engelinaji,

ki

kahne se kam hota hai aur

sahne se khatm hota hai.........

badhai ...umda post !

चंदन कुमार झा ने कहा…

चिट्ठाजगत में आपका स्वागत है.......भविष्य के लिये ढेर सारी शुभकामनायें.

गुलमोहर का फूल

shama ने कहा…

Sundar rachna hai..!

http://shamasansmaran.blogspot.com

http://kavitasbyshama.blogspot.com

http://aajtakyahantak-thelightbyalonelypath.blogspot.com

हितेंद्र कुमार गुप्ता ने कहा…

Bahut Barhia... Aapka Swagat Hai... Isi Tarah Likhte rahiye

http://hellomithilaa.blogspot.com
Mithilak Gap...Maithili Me

http://mastgaane.blogspot.com
Manpasan Gaane

http://muskuraahat.blogspot.com
Aapke Bheje Photo

डॉ.भूपेन्द्र कुमार सिंह ने कहा…

Very clear hearted expression Angela,I must appriciate.
You speak fropm core of yr heart.
You have something inside tou,pl dont be embarressed about any thing lost,enjoy present,though difficult but the only way to survive.Ask my opinion if you deem it fit whenever u need.I have more experience to deal with in comparison to u.
My best wishe.
keep writing
thankfully
dr.bhoopendra

रवि कुमार, रावतभाटा ने कहा…

आप एक बेहद भावुक इंसान हैं...
और उस पर तुर्रा यह कि इनको अभिव्यक्त करना भी बखूबी आता है....

विपिन बिहारी गोयल ने कहा…

बहुत अच्छी रचना है

तेज धूप का सफ़र

ARUNDEVGATIKAR ने कहा…

kya tippni karu maien?
tumhare dukh me shamil hu, achchha likhti ho, eh dukh likhna v sikha deta hai.
Arun

चाहत ने कहा…
इस टिप्पणी को लेखक द्वारा हटा दिया गया है.
चाहत ने कहा…

खोने पाने को रखा क्या है
हर किसी को मुक्कमल जहां नहीं मिलता कहीं जमि तो हकीं आसमा नहीं मिलता